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कैसे होगी इस बार की जनगणना? क्या-क्या होंगे सवाल? जनगणना आयुक्त ने दी जानकारी

 Reported By: Manish Prasad Edited By: Amar Deep
 Published : Mar 30, 2026 02:21 pm IST,  Updated : Mar 30, 2026 02:21 pm IST

देश में होने वाली जनगणना से जुड़े सवालों को लेकर रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने बताया कि जनगणना की प्रक्रिया किस तरह से पूरी की जाएगी।

जनगणना 2027।- India TV Hindi
जनगणना 2027। Image Source : PTI

नई दिल्ली: देशभर में होने वाली जनगणना 2027 को लेकर भारत के रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने कहा, "जनगणना की तैयारियां अब एक उन्नत चरण में पहुंच गई हैं, और बस कुछ ही दिनों में, पहले चरण - हाउसलिस्टिंग और आवास जनगणना - के लिए फील्डवर्क कई राज्यों में शुरू होने वाला है। जनगणना दो चरणों में की जाती है, और इस बार, डेटा संग्रह डिजिटल माध्यमों से किया जाएगा।" 

स्वतंत्रता के बाद 8वीं जनगणना

उन्होंने आगे कहा, "इस प्रक्रिया में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। जमीनी स्तर पर कार्य पूरा करने के लिए उनकी पूरी प्रशासनिक व्यवस्था को जुटाया जाता है। पिछली जनगणना वर्ष 2011 में आयोजित की गई थी। स्वतंत्रता के बाद यह आठवीं जनगणना है। ये जनगणना पूरी तरीके से गोपनीय है और आरटीआई से भी इसकी जानकारी सार्वजनिक नहीं की जाएगी। राज्य सरकार की मशीनरी इस जनगणना के प्रक्रिया को संपन्न करवाएगी। गृहमंत्री की अगुवाई में ये जनगणना की प्रक्रिया पूरी की जाएगी जिनके मंत्रालय से राज्य के चीफ सेकेट्री को निर्देश देंगे।"

अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच होगी हाउस लिस्टिंग

जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने बताया कि जनगणना 2027 के इरादे की गजट अधिसूचना 16 जून 2025 को जारी की गई थी। इसके पहले चरण की अवधि की अधिसूचना 07 जनवरी 2026 को जारी हुई थी। जनगणना हाउस लिस्टिंग ऑपरेशन अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच पूरा किया जाएगा। पहले चरण के प्रश्नों की अधिसूचना 22 जनवरी 2026 को जारी की गई थी, जबकि दूसरे चरण की अवधि और प्रश्नों की अधिसूचना बाद में जारी की जाएगी। जाति गणना जनगणना के दूसरे चरण में की जाएगी। सरकार ने लोगों से जनगणना में भाग लेने की अपील की है।

19 भाषाओं में तैयार किया गया मैन्युअल 

उन्होंने कहा, "इस बार नई व्यवस्था स्वगणना यानि सेल्फ इन्येमुरेशन के जरिए लोग खुद इससे संबंधित सूचना दर्ज कर सकते हैं। इस बार जनगणना में जाति के हिसाब से गणना होनी है। पहला चरण अप्रैल से सितंबर के बीच होगा, जिसमें ग्यारह राज्य शामिल हैं। इसमें केरल, तमिलनाडु और त्रिपुरा जैसे राज्य भी शामिल हैं। जनगणना के लिए कुल 11000 करोड़ से ज़्यादा की राशि स्वीकृत की गई है। डिस्ट्रिक्ट स्तर पर सेंसस के लिए अधिकारियों की नियुक्ति हो चुकी है। जनगणना के लिए 19 भाषाओं में मैन्युअल तैयार किया गया है और ट्रेनिंग दी जा चुकी है। जनगणना ऐप सोलह भाषाओं में विकसित किया गया है।"

क्या-क्या होंगे सवाल

सरकार ने एक अप्रैल, 2026 से शुरू होने वाले जनगणना हाउसलिस्टिंग और हाउसिंग गणना के पहले चरण के दौरान लोगों से पूछे जाने वाले 34 प्रश्न अधिसूचित किए हैं। पहले चरण में पूछे जाने वाले प्रश्नों में घर के फर्श और छत में इस्तेमाल सामग्री, वहां रहने वाले विवाहित जोड़ों की संख्या, परिवार के मुखिया का लिंग, उपभोग किए जाने वाले अनाज का प्रकार, बुनियादी और आधुनिक आवश्यकताओं तक पहुंच और स्वामित्व वाले वाहनों के प्रकार शामिल होंगे। प्रश्नों की शुरुआत भवन संख्या (नगरपालिका या स्थानीय प्राधिकरण या जनगणना संख्या), जनगणना मकान संख्या, और घर के फर्श, दीवार और छत में उपयोग की गई प्रमुख सामग्री पूछने से होगी। इसके बाद गणनाकर्ता घर के उपयोग, उसकी स्थिति, और उसमें सामान्य रूप से रहने वाले व्यक्तियों की संख्या के बारे में पूछेंगे। अधिकारी परिवार के मुखिया के बारे में नाम और लैंगिक पहचान की जानकारी भी एकत्र करेंगे।

लिव-इन जोड़ों को माना जाएगा विवाहित

स्व-गणना पोर्टल पर दिए गए अकसर पूछे जाने वाले सवालों में कहा गया है कि अगर लिव-इन संबंध में रहने वाले दो लोग एक-दूसरे को हमेशा के लिए अपना मानते हैं तो उन्हें जनगणना के दौरान वैवाहिक दंपत्ति के समान माना जाए। जनगणना के दौरान स्व-गणना का विकल्प चुनने वालों के लिए पोर्टल खोल दिया गया है। यह पोर्टल जनगणना के दोनों चरणों 'हाउसलिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना' (एलएलओ) और जनसंख्या गणना के लिए उपलब्ध होगा। पोर्टल पर अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों (एफएक्यू) की सूची दी गई है ताकि लोग देश की 16वीं जनगणना के दौरान पूछे जाने वाले सवालों का आसानी से उत्तर दे सकें। FQ में कहा गया है, "क्या लिव-इन संबंध में रहने वाले जोड़े को विवाहित जोड़ा माना जाएगा? यदि वे हमेशा के लिए एक-दूसरे को अपना मानते हैं, तो उन्हें विवाहित जोड़े के रूप में माना जाए।" 

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